18 December 2017, Mon

भारत ने बांग्लादेश को दिया पांच अरब डॉलर का ऋण, किया परमाणु करार

Created at April 8, 2017

भारत ने बांग्लादेश को दिया पांच अरब डॉलर का ऋण, किया परमाणु करार
Updated at April 8, 2017
 

नई दिल्ली। भारत ने बांग्लादेश के साथ अपने रिश्तों को क्षेत्र की जनता की खुशहाली एवं समृद्धि के लिये समर्पित करते हुए पांच अरब डॉलर का आसान ऋण देने और परमाणु ऊर्जा के शांतिपूर्ण उपयोग के लिये सहयोग सहित 22 समझौतों पर हस्ताक्षर किए तथा कोलकाता से खुलना के लिए बस एवं रेल सेवा और राधिकापुर-बीरोल रेललिंक का उद्घाटन किया।

 

 

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने बंगलादेश की प्रधानमंत्री शेख हसीना के साथ हैदराबाद हाउस में द्विपक्षीय शिखर बैठक के बाद पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की मौजूदगी में बंगलादेश को भरोसा दिलाया कि उनकी सरकार शेख हसीना सरकार के साथ मिल कर अरसे से लंबित तीस्ता जल बंटवारे को लेकर जल्द समाधान खोज लेगी। हसीना ने मोदी के भारत-बंगलादेश संबंधों को लेकर नेतृत्व की सराहना की और विश्वास व्यक्त किया कि पद्मा, गंगा और तीस्ता नदियों को लेकर दोनों देशों के बीच समाधान जल्द खोजा जायेगा। दोनों नेताओं ने आतंकवाद और मजहबी कट्टरवाद के खिलाफ मिल कर काम करने और सीमा को अपराधों से मुक्त एवं शांतिपूर्ण रखने का भी संकल्प जताया।

 

 

इस मौके पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि आतंकवाद के खिलाफ दोनों देश मिलकर लड़ेंगे। शेख हसीना की आतंकवाद के खिलाफ जीरो टॉलरेंस पॉलिसी हम सभी के लिए आदर्श है। उम्मीद है कि तीस्ता जल विवाद जल्द सुलझेगा। हमें अपने कमर्शियल रिलेशनशिप को अगले पायदान पर ले जाने की जरूरत है। एनर्जी, साइबर सिक्युरिटी, सिविल न्यूक्लियर समेत कई सेक्टर में हम कोऑपरेशन बढ़ा रहे हैं। हम नए क्षेत्रों मसलन टेक्नोलॉजी में भी एक-दूसरे को कोऑपरेशन करना चाहते है।

 

 

वहीं चार दिन के भारत दौरे पर आईं हसीना ने अपने शानदार स्वागत के लिए थैंक्स बोला। उन्होंने कहा, हम अहम पड़ोसी हैं। दोनों देश अपने बॉर्डर की सिक्युरिटी के लिए कमिटेड हैं। उन्होंने तीस्ता डील को दोनों देशों के लिए जरूरी बताया। इससे पहले, शनिवार सुबह शेख हसीना का राष्ट्रपति भवन में सेरिमोनियल वेलकम किया गया। उन्होंने राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी से भी मुलाकात की। इसके बाद हसीना ने राजघाट जाकर महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि अर्पित की। बता दें कि भारत द्वारा बंगलादेश को आज दिया गया 4.5 अरब डॉलर का आसान शर्तों वाला ऋण इस तरह का तीसरा ऋण है जो बंगलादेश अपनी प्राथमिकता के क्षेत्रों में व्यय कर सकेगा जबकि 50 करोड़ डॉलर का ऋण रक्षा उपकरणों की खरीद के लिये दिया गया है।