18 December 2017, Mon

रामपुर में राजरानी एक्सप्रेस हुई बेपटरी, 20 घायल

Created at April 15, 2017

रामपुर में राजरानी एक्सप्रेस हुई बेपटरी, 20 घायल
Updated at April 15, 2017
 

रामपुर। पन्द्रह दिन पहले महोबा में हुए रेल हादसे के बाद मेरठ से लखनऊ आ रही सुपरफास्ट राज्यरानी एक्सप्रेस रामपुर में बेपटरी हो गयी। इस हादसे में 20 यात्रियों के घायल होने की सूचना है। इस दुर्घटना को पुलिस आतंकी वारदात होने की आशंका से इनकार नहीं कर रही है इसीलिये मौके पर आतंकवादी निरोधक दस्ता (एटीएस) भी पहुंच गया है। राज्यरानी एक्सप्रेस से यात्रा कर रहे और सौभाग्य से बाल-बाल बचे रमेश चन्द्र सक्सेना ने बताया कि जिस डिब्बे में वह बैठे थे वह भी पलट गया लेकिन ऊपर वाले की कृपा से वह बच गये। अच्छी बात रही कि किसी की मृत्यु नहीं हुई, लेकिन 20-25 लोगों के घायल होने की सूचना है।

 

हादसे का शिकार होने से बचे सक्सेना इसके लिये भगवान का शुक्रिया अदा करना नहीं भूले। वह कहते हैं कि हम लोग आपस में बात कर ही रहे थे कि बडी तेज की आवाज हुई। डिब्बे में अफरा-तफरी मच गयी। लोग चिल्लाने लगे। बच्चे और महिलायें रोने लगीं। पल भर में ही साफ हो गया कि ट्रेन के कई डिब्बे पटरी से उतर गये हैं। दो- तीन डिब्बे पलट गये थे, लेकिन सौभाग्य रहा कि किसी की जान नहीं गयी। इस बीच, राज्य के अपर पुलिस महानिदेशक (कानून-व्यवस्था) दलजीत चौधरी ने बताया कि मेरठ से वाया मुरादाबाद होकर लखनऊ जा रही 12454 राज्यरानी एक्सप्रेस सुबह करीब आठ बजकर पांच मिनट पर मुरादाबाद के मूंडापांडे स्टेशन से जैसे ही पार हुई रामपुर से करीब पांच किमी दूर कोसी नदी के पुल के पास ट्रेन के इंजन से तीसरी बोगी के बाद आठ डिब्बे पटरी से उतर गये। हादसे के कारण ट्रेन में अफरा-तफरी मच गई। दुर्घटना में 20 लोगों के घायल होने की सूचना है।

 

चौधरी ने बताया कि दुर्घटना की जांच के लिये मौके पर एटीएस की टीम भी भेज दी गयी है। उनका कहना था कि हादसे में आतंकवादियों के हाथ होने के कोई पुख्ता प्रमाण नहीं मिले हैं लेकिन एहतियात के तौर पर एटीएस से भी जांच करायी जा रही है। फॉरेंसिक लैबकर्मी और वरिष्ठ अधिकारियों का दल घटनास्थल पर मौजूद है। मौके की वीडियोग्राफी करवायी गयी है। उधर, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने हादसे पर दु:ख जताते हुए उच्चस्तरीय जांच के आदेश दिये हैं। गंभीर रुप से घायलों को 50 हजार रुपये और मामूली रुप से चोटहिल यात्रियों को 25 हजार रुपये सहायता राशि देने की घोषणा की है। मुख्यमंत्री ने मुख्य सचिव और प्रमुख सचिव गृह को निगरानी के निर्देश दिये हैं।