18 December 2017, Mon

पाकिस्तान पुलिस ने 'रॉ के संदिग्ध एजेंटों' को गिरफ्तार किया

Created at April 15, 2017

पाकिस्तान पुलिस ने ‘रॉ के संदिग्ध एजेंटों’ को गिरफ्तार किया
Updated at April 15, 2017
 

इस्लामाबाद। पाकिस्तानी कब्जे वाले कश्मीर की पुलिस ने भारतीय खुफिया एजेंसी ‘रिसर्च एंड एनालिसि विंग (रॉ) से जुड़े तीन एजेंटों’ को गिरफ्तार करने का दावा किया है। ‘डॉन’ ऑनलाइन की रिपोर्ट के मुताबिक, अब्बासपुर के तारोती गांव के निवासी मोहम्मद खलील, इम्तियाज तथा राशिद पुंछ प्रमंडल के मुख्यालय रावलकोट में पुलिस हिरासत में हैं। पुंछ के पुलिस उपाधीक्षक (डीएसपी) साजिद इमरान ने शुक्रवार को कहा कि खलील ‘मुख्य संदिग्ध’ है। उन्होंने कहा कि तीनों पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर में एक पुलिस थाने पर बम हमला सहित देश विरोधी गतिविधियों में संलिप्त हैं।

 

पुलिस के मुताबिक, खलील नवंबर 2014 में बांदी चेचियान गांव स्थित अपने रिश्तेदारों से मिलने कथित तौर पर कश्मीर गया था, जहां वह रॉ के संपर्क में आया और उन्होंने उसे अपने लिए काम करने का प्रलोभन दिया। खलील के पास अंतर-कश्मीर यात्रा परमिट था। पुलिस के मुताबिक, खलील ने बाद में अपने लिए काम करने के लिए मोटे पैसों पर इम्तियाज तथा राशीद की भर्ती की। पुलिस के मुताबिक, प्रारंभिक जांच के दौरान खलील ने जांचकर्ताओं को बताया कि उसने अब्बासपुर सेक्टर में विभिन्न जगहों से लगभग 14-15 बार नियंत्रण रेखा पार किया।

 

पुलिस ने कहा कि इम्तियाज तथा राशिद ने भी ‘पांच से छह बार नियंत्रण रेखा पार करने की बात कबूली है।’ इमरान ने कहा, ”माना जा रहा है कि खलिल अपने साथ सिगरेट और मेमोरी कार्ड (मोबाइल फोन) ले गया, जिसमें पुलों, सेना व पुलिस के प्रतिष्ठानों तथा देवबंदी स्कूल द्वारा संचालित मस्जिदों की तस्वीरें थीं।”  उनके मुताबिक, उसने अपने नाम पर खरीदे गए दो सक्रिय सिम कार्ड भारतीय अधिकारियों को दिए। डीएसपी ने कहा कि गिरफ्तार व्यक्तियों ने बीते साल 27 सितंबर को अब्बासपुर में एक पुलिस थाने के बाहर आईईडी लगाया था। उन्होंने कहा, ”खुफिया एजेंसियों की मदद से हमने उन पर तथा उनके फोन कॉल पर नजर रखी और अंतत: उन्हें गिरफ्तार कर लिया।”

 

 

उनके खिलाफ आतंकवाद रोधी अधिनियम (एटीए) तथा विस्फोटक अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है। यह घटनाक्रम कथित भारतीय जासूस कुलभूषण जाधव को 10 अप्रैल को एक सैन्य अदालत द्वारा मौत की सजा सुनाए जाने के बाद सामने आया है। जाधव पर जासूसी तथा पाकिस्तान के खिलाफ विध्वंसक गतिविधियों में शामिल होने का आरोप है। वहीं, भारत ने कहा है कि जाधव को ईरान से अगवा किया गया और उसे झूठे मामले में फंसाया गया।